Mausam Shayari

Best 65+ [ Mausam Shayari ], Mausam Status In Hindi ( मौसम पर शायरी )

Mausam Shayari के पोस्ट में आपको मिलेगा Mausam Shayari In Hindi, Mausam Shayari 2 Line, Mausam Status In Hindi, Mausam Status 2 Line के बेजोड़ कलेक्शन को, जहा पर आप शेरो-शायरियों के और भी मजे ले पाएंगे.

आशा करता हूँ की आपको ये जानकारी अच्छी लगेगी जिसमे हमने Mausam Shayari In Hindi की पोस्ट को साझा किया है और उसके साथ ( Mausam ) पर बने शायरी के इमेजेज को भी साझा किया है.

जिसको आप आसानी से डाउनलोड करके अपने सोशल मीडिया पर पोस्ट या शेयर कर सकते है. तो चलिए शुरू करते है आर्टिकल को पढना.

Mausam Shayari

1.
कुछ आपका अंदाज है कुछ मौसम रंगीन है,
तारीफ करूँ या चुप रहूँ, जुर्म दोनो संगीन है…!!

Mausam Shayari In Hindi

2.
इनपे कभी मौसम का असर क्यों नहीं होता,
रद्द क्यों तेरी यादों की उड़ाने नहीं होती…!!

3.
कुछ दर्द कुछ नमी कुछ बातें जुदाई की,
गुजर गया ख्यालों से तेरी याद का मौसम…!!

4.
जब से तेरे ख़याल का मौसम हुआ है दोस्त
दुनिया की धूप-छाँव से आगे निकल गये…!!

5.
सर्दी के मौसम का मजा अलग सा है,
रात मे रजाई का मजा अलग सा है…!!

5.
सर्द मौसम में छनी हुयी धुप सी लगते हो,
कोई बादल हरे मौसम का फ़िर ऐलान करता है…!!

Best Mausam Status In Hindi

6.
अपनी सी लगती है हर नमी अब तो,
आँखों ने खुश्क मौसम कभी देखे ही नहीं…!!

7.
खुद भी रोता है, मुझे भी रुला के जाता है,
ये बारिश का मौसम, उसकी याद दिला के जाता है…!!

8.
बरसता भीगता मौसम धुआं धुआं होगा,
पिघलती शम्मों पे दिल का मेरे गुमां होगा…!!

9.
कहीं फिसल न जाऊं तेरे ख्यालों में चलते चलते,
अपनी यादों को रोको मेरे शहर में बारिश हो रही है…!!

10.
कुछ तो तेरे मौसम ही मुझे रास कम आये,
और कुछ तेरी मिटटी में बगावत भी बहुत थी…!!

Mausam Status In Hindi

11.
पतझड़ में सिर्फ पत्ते गिरते हैं,
नज़रों से गिरने का कोई मौसम नहीं होता…!!

12.
आज कुछ और नहीं बस इतना सुनो,
मौसम हसीन है लेकिन तुम जैसा नहीं…!!

13.
तेरी जुल्फों के साये में कई मौसम गुजरे है
हम तो मर ही गए थे,
लेकिन जिए तेरे उस मौसम के सहारे है…!!

14.
गर्मी के मौसम का भी एक पल आता है,
जिसमे आधे कपड़े और ठंडे पानी का नल भाता है…!!

15.
सर्दी में दिन सर्द मिला,
हर मौसम बेदर्द मिला…!! मोहम्मद अल्वी

Mausam Shayari In Hindi 2 Line

16.
कम से कम अपनी जुल्फे तो बाँध लिया करो,
कमबख्त बेवजह मौसम बदल दिया करते हैं…!!

17.
मौसम की तरह बदलते हैं उस के वादे,
उस पर यह ज़िद की तुम मुझ पे एतबार करो…!!

18.
कुछ तो तेरे मौसम ही मुझे रास कम आये,
और कुछ तेरी मिटटी में बगावत भी बहुत थी…!!

19.
शहर देखकर ही अब हवा चला करती है,
अब इंसान की तरह होशियार मौसम होते हैं…!!

Mausam Shayari 2 Line

20.
हमें इस सर्द मौसम में तेरी यादें सताती हैं,
तुम्हें एहसास होने तक दिसंबर बीत जायेगा…!!

21.
जिसके आने से मेरे ज़ख्म भरा करते थे,
अब वो मौसम मेरे ज़ख्मो को हरा करते हैं…!!

22.
उदास ज़िन्दगी, उदास वक्त, उदास मौसम,
कितनी चीज़ों पे इल्ज़ाम लग जाता है तेरे बात न करने से…!!

23.
टपक पड़ते हैँ आँसू जब किसी की याद आती है,
ये वो बरसात है जिसका कोई मौसम नहीँ होता…!!

Mausam Par Shayari

24.
उदास छोड़ गया वो हर एक मौसम को,
ग़ुलाब खिलते थे कल जिसके मुस्कुराने से…!!

25.
अपनी सी लगती है हर नमी अब तो,
आँखों ने खुश्क मौसम कभी देखे ही नहीं…!!

26.
एक पुराना मौसम लौटा याद भरी पुरबाई भी,
ऐसा तो कम ही होता है वो भी हो तन्हाई भी…!!

27.
मौसम की मिसाल दूँ या नाम लूँ तुम्हारा,
कोई पूछ बैठा है बदलना किसको कहते हैं…!!

28.
तुम्हारे शहर का मौसम बड़ा सुहाना लगे,
मैं शाम चुरा लूँ अगर बुरा न लगे…!!

Mausam Quotes In Hindi

29.
मौसम को मौसम की बहारों ने लूटा,
हमे कश्ती ने नहीं किनारों ने लूटा…!!

30.
पतझड़ में सिर्फ पत्ते गिरते हैं,
नज़रों से गिरने का कोई मौसम नहीं होता…!!

31.
मौसम-ए-बहार है अम्बरीं ख़ुमार है,
किस का इंतिज़ार है गेसुओं को खोलिए…!!

32.
काश तुझे सर्दी के मौसम मे लगे मोहब्बत की ठंड,
और तु तड़प के मांगे मुझे कंबल की तरह…!!

33.
दूर तक छाए थे बादल और कहीं साया न था,
इस तरह बरसात का मौसम कभी आया न था…!!

Barish Mausam Shayari

34.
कहीं फिसल ना जाओ ज़रा संभल के रहना,
मौसम बारिश का भी है और मोहब्बत का भी…!!

35.
धुप सा रंग है और खुद है वो छाँवो जैसा,
उसकी पायल में बरसात का मौसम छनके…!!

36.
क्यों आग सी लगा के गुमसुम है चाँदनी,
सोने भी नहीं देता मौसम का ये इशारा…!!

37.
मौसम सा मिज़ाज़ है मेरा,
कभी बरसता सावन तो कभी सर्द हवा…!!

38.
अभी तो खुश्क़ है मौसम बारिश हो तो सोचेंगे,
हमें अपने अरमानों को किस मिट्टी में बोना है…!!

39.
विचार हो जैसा वैसा मंजर होता है,
मौसम तो इंसान के अंदर होता है…!!

40.
हर मौसम का स्वभाव बदलना है,
मानव का स्वभाव प्रेम पथ पर चलना है…!!

41.
जब बेवफाई का मौसम आता है,
बात करने का लहजा बदल जाता है…!!

42.
कम से कम अपनी जुल्फे तो बाँध लिया करो,
कमबख्त. बेवजह मौसम बदल दिया करते हैं…!!

43.
शहर देखकर ही अब हवा चला करती है,
अब इंसान की तरह होशियार मौसम होते हैं…!!

44.
जिसके आने से मेरे ज़ख्म भरा करते थे,
अब वो मौसम मेरे ज़ख्मो को हरा करते हैं…!!

45.
मौसम ए इश्क़ है ये जरा खुश्क हो जायेगा,
ना उलझिये हमसे जनाब वर्ना इश्क हो जायेगा…!!

46.
मौसम इस कदर खुमारी मे है,
मेरा शहर भी शिमला होने की तैयारी में है…!!

47.
हमें क्या पता था, ये मौसम यूँ रो पड़ेगा,
हमने तो आसमां को बस अपनी दास्ताँ सुनाई है…!!

48.
ये दिसम्बर तो बातोँ का मौसम था,
दुआ करो कि जनवरी बांहोँ का मौसम हो…!!

49.
बरसता, भीगता मौसम है कमज़ोरी मेरी लेकिन,
मैं ये रिमझिम, घटा, बादल तुम्हारे नाम करता हू…!!

50.
मौसम भी है सुहाना, बारिश भी हो रही है,
बस एक कमी है तेरा मुझसे गले लग जाना…!!

51.
आज है वो बहार का मौसम,
फूल तोड़ूँ तो हाथ जाम आए…!!

52.
मौसम की तरह बदलते हैं उस के वादे,
उस पर यह ज़िद की तुम मुझ पे एतबार करो…!!

53.
तब्दीली जब आती है मौसम की अदाओं में,
किसी का यूँ बदल जाना बहुत ही याद आता है…!!

54.
छु कर निकलती है जो हवाएँ तेरे चेहरे को,
सारे शहर का मौसम गुलाबी हो जाता है…!!

55.
प्यार में एक ही मौसम है बहारों का मौसम,
लोग मौसम की तरह फिर कैसे बदल जाते हैं…!! फ़राज़

56.
कोई मौसम हो दिल-गुलिस्ताँ में,
आरज़ू के गुलाब ताज़ा हैं…!!

57.
अच्छा सुनो तुम अपना जरा ध्यान रखना,
अभी मौसम बीमारी का भी हैं और इश्क का भी…!!

58.
इससे पहले कहीं रूठ न जाएँ मौसम अपने,
धड़कते हुए अरमानों एक सुरमई शाम दे दें…!!

59.
क्यों आग सी लगा के गुमसुम है चाँदनी,
सोने भी नहीं देता मौसम का ये इशारा…!!

60.
बलखाने दे अपनी जुल्फों को हवाओं में,
जूड़े बांधकर तू मौसम को परेशां न कर…!!

61.
सुहाने मौसम में दिल भी कहीं भटक जाता है,
उस गली में ही कही फिर से दिल अटक जाता है…!!

62.
नीचे गिरे पत्ते भी सुख जाया करते है,
सर्दी के मौसम में जोड़े भी रूठ जाया करते है…!!

63.
मस्त मौसम दिल में बहार लाता है,
बिछड़े हुआ जोड़े को फिर से मिलाता है…!!

64.
हँसाना नहीं बस रुलाना जनता है
हाय ये गर्मी का मौसम बस जलाना जानता है…!!

65.
धुप सा रंग है और खुद है वो छाँवो जैसा,
उसकी पायल में मौसम छनके…!!

66.
तेरे तसव्वुर की धूप ओढ़े खड़ा हूँ छत पर,
मेरे लिए सर्दियों का मौसम ज़रा अलग है…!!

67.
मौसम ने बनाया है निगाहों को शराबी,
जिस फूल को देखूं वो ही पैमाना हुआ है…!!

Final Word :-

आशा करता हु कि आपको हमारा Mausam Shayari का पोस्ट जरुर पसंद आया होगा, इसी तरह के और शायरियों को पढ़ने के लिए आप हमारे और भी पोस्ट को जरुर पढ़े.